सभी मुहूर्त
अमृत सिद्धि योग भी सर्वार्थ सिद्धि की भाँति वार और नक्षत्र का मेल है, पर इसकी सूची कहीं छोटी है — प्रत्येक वार के लिए ठीक एक नक्षत्र: रविवार को हस्त, सोमवार को मृगशीर्षा, मंगलवार को अश्विनी, बुधवार को अनुराधा, गुरुवार को पुष्य, शुक्रवार को रेवती और शनिवार को रोहिणी। नाम ही इसका महत्व बताता है — परंपरा इसे वर्ष के सबसे बलवान सामान्य मुहूर्तों में गिनती है। हर वार के साथ केवल एक ही जोड़ी संभव है, इसलिए यह सर्वार्थ सिद्धि से कहीं कम आता है।
शुभ अवधि
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5जन॰06:40 → 07:10सोमवार
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20जन॰07:11 → 09:43मंगलवार
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1फ़र॰13:00 → 2 फ़र॰ 07:07रविवार
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29फ़र॰06:50 → 20:42रविवार
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4मार्च00:02 → 06:46गुरुवार
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13मार्च05:22 → 06:38शनिवार
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31मार्च06:21 → 1 अप्रैल 05:32बुधवार
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9अप्रैल15:39 → 10 अप्रैल 06:11शुक्रवार
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28अप्रैल05:56 → 11:32बुधवार
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7मई05:51 → 22:48शुक्रवार
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5जुल॰13:12 → 6 जुल॰ 05:47सोमवार
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8जुल॰19:06 → 9 जुल॰ 05:49गुरुवार
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31जुल॰17:26 → 1 अग॰ 05:58शनिवार
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2अग॰05:59 → 20:36सोमवार
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5अग॰06:00 → 6 अग॰ 03:58गुरुवार
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25अग॰00:52 → 06:08बुधवार
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28अग॰06:09 → 29 अग॰ 00:40शनिवार
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2सित॰06:10 → 09:53गुरुवार
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21सित॰10:59 → 22 सित॰ 06:16मंगलवार
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25सित॰06:17 → 08:04शनिवार
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4अक्टू॰03:51 → 06:20सोमवार
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19अक्टू॰06:26 → 19:49मंगलवार
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31अक्टू॰11:02 → 1 नव॰ 06:33रविवार
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28नव॰06:50 → 21:42रविवार
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2दिस॰01:47 → 06:53गुरुवार
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29दिस॰11:18 → 30 दिस॰ 07:08बुधवार
सभी समय भारतीय मानक समय (IST) में हैं और उज्जैन के लिए निकाले गए हैं। तिथि या नक्षत्र का परिवर्तन सर्वत्र एक ही क्षण होता है, इसलिए आपके समय-क्षेत्र से केवल घड़ी में दिखने वाला समय बदलता है — पर जो अवधि वार से बँधी है, वह आपके अपने सूर्योदय से भी चलती है। ऐप दोनों की गणना आपके शहर के लिए करता है।